छत्तीसगढ़

बिजली कंपनी की लचर कार्यशैली से बढ़ा खतरा; पांच महीने बाद भी नहीं हटा 200 किलोवाट का जर्जर ट्रांसफार्मर


नईदुनिया प्रतिनिधि, बिलासपुर: कुदुदंड के चांदनी चौक में जर्जर ट्रांसफार्मर और उसके नीचे फैले बिजली तारों के मकड़जाल से बड़ा हादसा होने का खतरा मंडरा रहा है। स्थिति यह है कि कई तार नाली के पानी में डूबे हुए हैं, जिससे मोहल्लेवासियों में दहशत का माहौल है। यह समस्या पिछले एक वर्ष से बनी हुई है। फरवरी में रहवासियों ने बिजली कंपनी के अधिकारियों को शिकायत देकर ट्रांसफार्मर हटाने और तारों को व्यवस्थित करने की मांग की थी, लेकिन पांच माह बीतने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई।

विभाग का कोई कर्मचारी निरीक्षण तक करने नहीं पहुंचा। अब परेशान नागरिकों ने केंद्रीय राज्य मंत्री, विधायक और कलेक्टर से हस्तक्षेप की मांग की है। शहर में बिजली कंपनी मेंटेनेंस के नाम पर केवल औपचारिकता पूरी कर रही है। जायज समस्या, उन्हें नजर ही नहीं आती। यही कारण है कि मेंटेनेंस का काम जिस जगह पर होना चाहिए, वहां नहीं होती।

कंपनी की कार्यशैली इतनी लचर हो गई है कि अब उपभोक्ता विभाग का नाम सुनकर आक्रोशित हो जाते हैं। कुछ इसी तरह की स्थिति कुदुदंड स्थित चांदनी चौक निवासियों की है। चौक में ही एक ट्रांसफार्मर है, जो काफी पुराना, जर्जर व अस्त-व्यस्त है। जिसे हटवाने के लिए मोहल्लेवासी बिजली दफ्तर का चक्कर काट रहे हैं। लेकिन, उनकी परेशानी सुनने वाला कोई नहीं है। परेशान होकर मोहल्लेवासी केंद्रीय राज्यमंत्री तोखन साहू, बिलासपुर विधायक अमर अग्रवाल व कलेक्टर संजय अग्रवाल के पास पहुंचे, उन्हें ज्ञापन सौंपकर स्थिति से अवगत कराया।

मोहल्लेवासियों ने कहा कि चांदनी चौक में लगा ट्रांसफार्मर 200 किलोवाट का है, जबकि खपत के हिसाब से 315 किलोवाट ट्रांसफार्मर की आवश्यकता है। सबसे जरूरी इस पुराने ट्रांसफार्मर को हटाकर दूसरी जगह शिफ्ट करने की है। क्योंकि यह आम नागरिकों के लिए खतरा बना हुआ है। दरअसल यह ट्रांसफार्मर जिस पोल में लगे हैं उसके नीचे का हिस्सा नाली के ठीक किनारे हैं। ऐसे में अंधड़ के प्रभाव में यह कभी भी गिर सकता है, या फिर पोल मुड़ सकते हैं। इसके अलावा ट्रांसफार्मर के नीचे तारों का इस कदर मकड़जाल फैला हुआ है कि यदि भूल वर्ष कोई पास भी गया तो बाहर नहीं निकल सकता, जान को खतरा है| ‘

ट्रांसफार्मर की इसी समस्या को देखते हुए 10 फरवरी को मोहल्ले रहवासियों ने नेहरू नगर स्थित बिजली कंपनी कार्यालय पहुंचे और लिखित शिकायत कर ट्रांसफार्मर को दूसरे जगह शिफ्ट करने की मांग कंपनी से की थी। शिकायत आवेदन तो स्वीकार कर लिया गया। लेकिन, न तो ट्रांसफार्मर हटे और न तारों को व्यवस्थित किया गया। मोहल्लेवासी इस समस्या से परेशान है।

ज्ञापन सौंपने वालों में पवन सोनी, ईश्वर तिवारी, विजय कश्यप, पंकज, सुरेश चंद्रा, राजू मराठा, किशोर श्रीवास, ओमप्रकाश श्रीवास, रवि श्रीवास, सुनील कश्यप, मनोहर वासिंग, रमेश शर्मा, उमेश भारत, राम कुमार दुबे, ईश्वर सोनी, मनमोहन कश्यप, जमुना सोनी, सीमा चंद्रवंशी, बीना चंद्रवंशी, नीरज शर्मा, दीपक शर्मा, आदर्श तिवारी, भोगीराम यादव, कैलाश सोनी, सुरेन्द्र दुबे, राधे मरावी समेत अन्य मोहल्लेवासी शामिल रहे।

यह भी पढ़ें- बिलासपुर में अवैध कालोनाइजरों पर कड़ा प्रहार; अनूप चड्ढा की 3.5 एकड़ की चमन गोल्ड कालोनी जमींदोज

रोजाना चार से पांच घंटे आपूर्ति हो रही ठप

मोहल्लेवासियों ने उपकरण के साथ बिजली बंद की समस्या से भी अवगत कराया। उन्होंने कहा बीते कई दिनों से रोजाना चार से पांच घंटे तक बिजली आपूर्ति बंद कर दी जाती है। कारण रखरखाव बताया जाता है लेकिन हकीकत इसके उलट है। भीषण गर्मी के बीच लंबे समय तक बिजली कटौती से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उनका कहना है कि जब तक मेंटेनेंस कार्य में पारदर्शिता और जवाबदेही नहीं आएगी तब तक इस तरह की समस्या हमेशा बनी रहेगी।



Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!