Uncategorized

विकासखंड शिक्षा अधिकारी की अभिनव पहल: जनसहभागिता से बढ़ेगी प्राथमिक शाला घाटापारा की दर्ज संख्या

पत्थलगांव। शासकीय प्राथमिक शाला घाटापारा, संकुल केंद्र मुड़ापारा, विकासखंड पत्थलगांव में विद्यार्थियों की न्यून दर्ज संख्या में सुधार लाने के उद्देश्य से विकासखंड शिक्षा अधिकारी कमलेश कुमार यादव द्वारा एक अभिनव पहल की गई। उनके मार्गदर्शन में विद्यालय में पालक-शिक्षक समिति, विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी), ग्राम के जनप्रतिनिधियों तथा अन्य गणमान्य नागरिकों की बैठक आयोजित कर शिक्षा के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने और अधिकाधिक बच्चों का विद्यालय में प्रवेश सुनिश्चित करने का संकल्प लिया गया। बैठक को संबोधित करते हुए विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री यादव ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रत्येक बच्चे का अधिकार है तथा विद्यालय की दर्ज संख्या बढ़ाना केवल शिक्षा विभाग ही नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने उपस्थित पालकों एवं ग्रामीणों से आग्रह किया कि वे अपने आसपास के प्रत्येक स्कूल आयु वर्ग के बच्चे को विद्यालय से जोड़ने तथा नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराने में सक्रिय भूमिका निभाएं।

बैठक में विद्यालय के शिक्षकों ने शासकीय विद्यालयों में उपलब्ध निःशुल्क पाठ्यपुस्तक, गणवेश, मध्यान्ह भोजन, छात्रवृत्ति सहित विभिन्न शैक्षणिक सुविधाओं की जानकारी दी। साथ ही विद्यालय में संचालित नवाचारों एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षण गतिविधियों से भी पालकों को अवगत कराया गया। इस अवसर पर पालक-शिक्षक समिति, एसएमसी के सदस्यों तथा ग्राम के गणमान्य नागरिकों ने घर-घर संपर्क अभियान चलाकर अधिक से अधिक बच्चों का विद्यालय में प्रवेश कराने तथा विद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता को और बेहतर बनाने का संकल्प लिया विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री कमलेश कुमार यादव की यह पहल विद्यालयों में जनसहभागिता को सशक्त बनाने तथा नामांकन वृद्धि की दिशा में एक प्रेरणादायी प्रयास मानी जा रही है। स्थानीय नागरिकों ने इस पहल की सराहना करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि सामूहिक प्रयासों से प्राथमिक शाला घाटापारा की दर्ज संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि होगी तथा विद्यालय शिक्षा के क्षेत्र में नई उपलब्धियाँ हासिल करेगा। विकास खंड स्रोत समन्वयक श्री जगरनाथ पाढ़ी के द्वारा अपने संबोधन में उपस्थित सभी शिक्षक /शिक्षिका एवं जन-समुदाय के सहयोग से ही विधालय को प्रत्येक क्षेत्रों में अग्रणी करने की बात कही गई।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!