नईदुनिया फोरमः छत्तीसगढ़ के सीएम बोले- नई औद्योगिक नीति से राज्य में 8 लाख करोड़ का निवेश और डेढ़ लाख युवाओं को रोजगार मिलने का रास्ता साफ

डिजिटल डेस्क, रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि सरकार के सत्ता में आते ही प्रदेश में खेती, किसानी और उद्योग की तस्वीर पूरी तरह से बदल गई है। पुरानी सरकारों के समय साहूकारों और भारी ब्याज दर के चंगुल में फंसे किसानों को अब आधुनिक योजनाओं का लाभ मिल रहा है।
इसके साथ ही, नई औद्योगिक नीति से राज्य में 8 लाख करोड़ रुपये के निवेश और डेढ़ लाख युवाओं को रोजगार मिलने का रास्ता भी साफ हो गया है।
साहूकारों के चंगुल से मुक्त हुए किसान, सिंचाई का दायरा बढ़ा
मुख्यमंत्री ने पहले की स्थितियों का जिक्र करते हुए कहा कि एक समय था जब किसानों के पास खेती के पर्याप्त साधन नहीं होते थे। मजबूरी में उन्हें साहूकारों से डेढ़ गुना ब्याज पर या 16 से 18 प्रतिशत की उच्च दर पर सहकारिता ऋण लेना पड़ता था। लेकिन भाजपा सरकार ने आते ही इस व्यवस्था को बदल दिया है।
‘सिरपुर बैराज’ के निर्माण को स्वीकृति दी गई
अब किसानों को उनके घर के नजदीक ही खाद और बीज उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। सिंचाई सुविधाओं का विस्तार करते हुए 500 करोड़ रुपये की लागत से ‘सिरपुर बैराज’ के निर्माण को स्वीकृति दी गई है। इससे बैराज और आसपास के सभी गांवों में सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध होगा। इसके अलावा, पुरानी सिंचाई योजनाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए भी करीब 2800 करोड़ रुपये का प्रावधान किया जा रहा है।
किसानों की आय दोगुनी करने का विजन
किसानों की आय दोगुनी करने के सवाल पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इसके लिए बहुआयामी दृष्टिकोण अपनाया जा रहा है। सरकार केवल पारंपरिक फसलों पर निर्भर न रहकर मछली पालन, मुर्गी पालन और बकरी पालन को भी बढ़ावा दे रही है।
दुग्ध और श्री अन्न पर राज्य सरकार का जोर
दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए नए समझौते किए गए हैं। साथ ही, ‘श्री अन्न’ (मोटे अनाज) का उत्पादन बढ़ाकर किसानों को इसके अच्छे दाम दिलाने की व्यवस्था की जा रही है। धान के साथ-साथ मक्का, तिलहन और दलहन का भी उचित मूल्य सुनिश्चित किया जा रहा है।
मददगार साबित हुई पीएम किसान सम्मान निधि
राज्य के 80 प्रतिशत किसान सीमांत कृषक हैं। ऐसे में ‘प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि’ के तहत मिलने वाले 6 हजार रुपये छोटे किसानों के लिए बड़ी मददगार साबित हो रहे हैं। प्रदेश के 26 हजार किसानों को इसका सीधा लाभ मिल रहा है।
खाद संकट को टाला, ‘नैनो यूरिया’ भविष्य का विकल्प
पश्चिम एशिया संकट का जिक्र करते हुए सीएम ने कहा कि सरकार ने पूरा प्रयास किया कि वैश्विक संकट का असर आमजनों और किसानों पर न पड़े। डीएपी और यूरिया की परेशानी की आशंका के बीच सरकार ने अतिरिक्त खाद की व्यवस्था की। अब पारंपरिक खाद के बजाय नैनो डीएपी और नैनो यूरिया के प्रयोग को एक बेहतर और आधुनिक विकल्प के रूप में बढ़ावा दिया जा रहा है।
नई औद्योगिक नीति: सिंगल विंडो सिस्टम और रोजगार
औद्योगिक विकास पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि नई उद्योग नीति से राज्य में व्यापक बदलाव आया है। उद्यमियों को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, इसके लिए ‘सिंगल विंडो सिस्टम’ लागू किया गया है। नई नीति के विशेष प्रोत्साहनों के परिणामस्वरूप 8 लाख करोड़ रुपये के एमओयू (MoU) किए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने भरोसा जताया कि ये सभी करार जल्द धरातल पर उतरेंगे और आने वाले समय में राज्य के लगभग डेढ़ लाख युवाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे।
रेल सुविधाओं का विस्तार: दंतेवाड़ा से गढ़चिरौली तक बिछेगी लाइन
जगदलपुर में रेल सुविधा के विस्तार से जुड़े सवाल के जवाब में सीएम ने कहा कि रेलवे नेटवर्क को लेकर लगातार काम किया जा रहा है। अब तक 8 नए स्टेशन बनाए जा चुके हैं और नए मार्गों पर रेल लाइन बिछाने की स्वीकृतियां मिल रही हैं। हाल ही में रेल मंत्री से इस संबंध में सकारात्मक बातचीत हुई है।
प्रदेश सरकार और रेलवे मिलकर इस दिशा में काम करेंगे। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि दंतेवाड़ा से गढ़चिरौली रेल मार्ग का कार्य भी जल्द शुरू किया जाएगा।



