छत्तीसगढ़

सरगुजा से महासमुंद तक आंधी-बारिश और ओलावृष्टि, अंबिकापुर में तेज हवाओं से टूटे पेड़, किसानों की बढ़ी चिंता


नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर/महासमुंद। उत्तर व मध्य छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल गया है। शुक्रवार दोपहर बाद अचानक घने बादल छा गए और तेज हवा के साथ सरगुजा सहित आसपास के जिले में मध्यम से हल्की वर्षा हुई। इससे वातावरण में ठंडक घुल गई है। तेज हवा के कारण बाबूपारा मोहल्ले में पेड़ की डाल टूटकर गिरने से काफी देर तक बिजली गुल रही।

मौसम प्रणालियों की सक्रियता और पूर्वानुमान

मौसम विभाग के अनुसार वर्तमान में एक साथ पश्चिमी विक्षोभ, चक्रवाती परिसंचरण और द्रोणिका के सक्रिय होने से छत्तीसगढ़ के साथ-साथ पड़ोसी मध्य प्रदेश व झारखंड राज्य में आगामी दो-तीन दिनों तक मौसम खराब रहने की संभावना है।

बहरहाल, मौसम के अचानक करवट लेने से लोगों को राहत तो मिली है लेकिन गेहूं की खेती करने वाले किसानों की चिंता बढ़ गई है। मार्च महीने में लगातार पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता बनी रहने से तापमान में ज्यादा वृद्धि नहीं हुई। आगामी अप्रैल माह के शुरुआती कुछ दिनों में मौसम में उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना है।

बारिश के बाद आसमान में दिखा खूबसूरत नजारा

तेज हवा और बारिश के बाद मौसम कुछ साफ हुआ तो आसमान की रंगत देखने लायक थी। सूर्यास्त के बीच हल्के बादलों में आसमान लालिमा लिए हुए था। इस नजारे को लोगों ने अपने-अपने मोबाइल कैमरे में कैद किया।

क्यों बदला मौसम?

मौसम विज्ञानी एएम भट्ट के अनुसार वर्तमान में मध्य भारत में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। इसके अलावा चक्रवाती परिसंचरण झारखंड, बांग्लादेश, ओडिशा एवं राजस्थान में प्रभावी है। वहीं मराठवाड़ा से कर्नाटक के बीच द्रोणिका भी सक्रिय है। ऐसे में मौसम में अगले दो-तीन दिनों तक उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना है। बांग्लादेश की ओर से चक्रवाती परिसंचरण अपने साथ पर्याप्त नमी लेकर आगे बढ़ेगा, ऐसे में उत्तरी छत्तीसगढ़ में तेज हवा के साथ बारिश व ओलावृष्टि की संभावना बनी हुई है।

महासमुंद, झलप और बागबाहरा में ओलावृष्टि

गुरुवार शाम मौसम ने अचानक करवट ली। महासमुंद सहित जिले के झलप व बागबाहरा क्षेत्र में बारिश हुई। दोपहर बाद शुरू हुई बेमौसम बारिश ने लोगों को हैरान कर दिया। तेज हवाओं के साथ हुई इस बारिश के दौरान झलप, बागबाहरा सहित कई जगहों पर ओलावृष्टि भी दर्ज की गई, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।

यह भी पढ़ें- कोरबा में चोर भी गैस के ‘दीवाने’, गल्ले में रखी नकदी छोड़ फास्टफूड दुकानों से उठाए सिलिंडर… व्यापारियों ने प्रशासन से लगाई गुहार

जनजीवन और फसलों पर असर

जानकारी के अनुसार, पहले आसमान में बादल छाए रहे और देखते ही देखते तेज हवाएं चलने लगीं। इसके बाद झमाझम बारिश शुरू हो गई। झलप और बागबाहरा के ग्रामीण इलाकों में कुछ समय तक बड़े-बड़े ओले गिरने की भी खबर है। अचानक बदले मौसम के कारण कुछ समय के लिए आम जनजीवन भी प्रभावित हुआ और लोग सुरक्षित स्थानों की ओर भागते नजर आए।

इस बारिश और ओलावृष्टि का सबसे ज्यादा असर फसलों पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। खेतों में खड़ी रबी फसल, खासकर गेहूं और चना को नुकसान पहुंच सकता है। मौसम के इस बदलाव से तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को गर्मी से कुछ राहत जरूर मिली। लेकिन तेज हवा और ओलों ने नुकसान की चिंता बढ़ा दी है।



Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!