छत्तीसगढ़ के शिक्षकों के लिए खुशखबरी… TET के कारण नहीं जाएगी किसी भी शिक्षक की नौकरी

शिक्षक पात्रता परीक्षा के कारण किसी भी शिक्षक की नौकरी नहीं जाएगी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के इस आश्वासन के बाद शिक्षक समग्र फेडरेशन ने नौ सितंबर से…और पढ़ें

HighLights
- सीएम साय के आश्वासन के बाद 9 सितंबर का आंदोलन टला
- TET अनिवार्यता पर दूसरे राज्यों के नियमों का होगा अध्ययन
- सहायक शिक्षकों की वेतन विसंगति पर भी जल्द निकलेगा हल
नईदुनिया प्रतिनिधि, जशपुर। शिक्षक पात्रता परीक्षा के कारण किसी भी शिक्षक की नौकरी नहीं जाएगी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के इस आश्वासन के बाद शिक्षक समग्र फेडरेशन ने नौ सितंबर से प्रस्तावित हड़ताल को फिलहाल टाल दिया है। दो दिवसीय प्रवास पर बुधवार की शाम को जशपुर पहुंचे मुख्यमंत्री साय से फेडरेशन के पदाधिकारियों ने बगिया स्थित कैंप कार्यालय में मुलाकात की थी।
फेडरेशन के जिलाध्यक्ष अजय गुप्ता ने बताया कि इस मुलाकात के दौरान सीएम साय ने बताया कि प्रदेश सरकार शिक्षकों की समस्या पर गंभीरता से विचार कर रही है। उन्होंने बताया कि शिक्षक फेडरेशन के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से देर रात महत्वपूर्ण मुलाकात कर शिक्षकों की लंबित मांगों एवं समस्याओं पर विस्तृत चर्चा की।
टीईटी छूट और मध्य प्रदेश-ओडिशा मॉडल का अध्ययन
वार्ता में शिक्षक पात्रता परीक्षा की अनिवार्यता, पदोन्नति में टीईटी की शर्त तथा सहायक शिक्षकों की वेतन विसंगति सहित विभिन्न विषयों को प्रमुखता से मुख्यमंत्री के समक्ष रखा गया। मुख्यमंत्री साय ने शिक्षकों को आश्वस्त करते हुए कहा कि टीईटी के कारण किसी भी शिक्षक की नौकरी नहीं जाएगी। उन्होंने बताया कि सरकार ऐसे शिक्षकों को टीईटी उत्तीर्ण कराने के लिए आवश्यक व्यवस्था करने की दिशा में कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि टीईटी से जुड़े विषय पर मध्यप्रदेश एवं ओडिशा सहित अन्य राज्यों में हो रही पहल का अध्ययन छत्तीसगढ़ सरकार कर रही है। यदि वहां कोई व्यावहारिक समाधान सामने आता है तो छत्तीसगढ़ में भी उसका परीक्षण किया जा सकता है।




