भाजपा ने अकबर तिगाला को सभी दायित्वों से मुक्त किया, सात दिन में स्पष्टीकरण मांगा
जालसाजी और गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों से घिरे भाजपा प्रदेश अल्पसंख्यक मोर्चा के मंत्री अकबर तिगाला पर पार्टी ने कड़ा संगठनात्मक एक्शन लिया है। प्रदेश भाजपा ने उन्हें सभी दायित्वों से तत्काल प्रभाव से मुक्त कर दिया है।
पार्टी की ओर से यह कार्रवाई अकबर तिगाला के खिलाफ जालसाजी और गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों के सामने आने के बाद की गई है।
प्रदेश भाजपा ने अकबर तिगाला से सात दिनों के भीतर प्राथमिक सदस्यता से निष्कासन को लेकर स्पष्टीकरण मांगा है। यानी उन्हें सात दिन के अंदर अपना पक्ष रखना होगा।
सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई ईओडब्ल्यू में हुई शिकायत के बाद की गई है। ईओडब्ल्यू में दर्ज शिकायत के आधार पर पार्टी ने यह संगठनात्मक कदम उठाया है।
भाजपा प्रदेश अल्पसंख्यक मोर्चा के मंत्री पद पर रहते हुए अकबर तिगाला पर लगे आरोपों को पार्टी ने गंभीरता से लिया है। इसी क्रम में उन्हें सभी दायित्वों से तत्काल प्रभाव से मुक्त करने का निर्णय लिया गया।
पार्टी ने उनसे प्राथमिक सदस्यता से निष्कासन पर स्पष्टीकरण मांगते हुए सात दिनों की समय-सीमा तय की है। इस अवधि में उनका जवाब आने के बाद आगे की कार्रवाई तय होने की संभावना है।
गौरतलब है कि जालसाजी और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों के चलते पार्टी ने यह सख्त रुख अपनाया है। प्रदेश भाजपा की ओर से जारी कार्रवाई के अनुसार, अकबर तिगाला अब किसी भी संगठनात्मक दायित्व पर नहीं रहेंगे।
ईओडब्ल्यू में हुई शिकायत के बाद पार्टी के इस फैसले को संगठनात्मक अनुशासन के तहत उठाया गया कदम माना जा रहा है। मामले में आगे की जानकारी स्पष्टीकरण और जांच की प्रगति पर निर्भर करेगी।



