ऑनलाइन गेमिंग के चक्कर में बच्चों ने उड़ाए माता-पिता के पैसे, रायपुर में 6 शिकायतें दर्ज


रायपुर में ऑनलाइन गेमिंग के दौरान बच्चों द्वारा अनजाने में की गई खरीदारी या भुगतान के कारण माता-पिता के बैंक खातों से पैसे कटने के मामले सामने आए हैं। बच्चों के हाथ में फोन और उसमें ऑनलाइन गेम अब सिर्फ उन्हें व्यस्त रखने का जरिया नहीं रह गया है, बल्कि यह वित्तीय नुकसान का कारण भी बन रहा है।
रायपुर के एन. कुमार, अनीश वर्मा और विकास कुमार समेत 6 लोगों ने अलग-अलग किश्तों में रकम कटने की शिकायत साइबर सेल में दर्ज कराई है। शिकायतकर्ताओं को बैंक खाते से यूपीआई के जरिए रकम कटने की जानकारी मिली।
मोबाइल की जांच में ऑनलाइन गेम सक्रिय मिला। पुलिस ने गेम को निष्क्रिय कराया, ताकि आगे और रकम न कटे।
साइबर क्राइम के मामलों में बच्चों को गेम में फ्री कॉइन, रिवॉर्ड, अपडेट या कम कीमत में सुविधा देने के नाम पर लिंक भेजे जाते हैं। बच्चा लिंक खोलकर गेम डाउनलोड या सक्रिय कर देता है। कई बार वह मांगी गई अनुमतियां भी बिना समझे दे देता है।
सामान्य यूपीआई ट्रांजेक्शन में पिन जरूरी होता है। केवल गेम खेलने से यूपीआई पिन बायपास नहीं होता। खतरा सेव पेमेंट, पहले से मंजूर ऑटो-पे/ई-मैन्डेट, संदिग्ध लिंक या एप से बढ़ता है।
खाते से अनजान रकम कटने पर सिर्फ गेमिंग एप अन-इंस्टॉल करना पर्याप्त नहीं है। बैंक स्टेटमेंट में ट्रांजेक्शन का माध्यम देखें। गेमिंग अकाउंट और यूपीआई एप में सक्रिय भुगतान व्यवस्था जांचें। अनजान एपीके से गेम डाउनलोड किया हो तो विशेषज्ञ की मदद लें।



