छत्तीसगढ़

Medical Innovation: सहजन-पुदीना, कमल और पपीते से बनी छालों की दवा, भिलाई के शोधकर्ताओं को मिला पेटेंट



Bhilai Medical Innovation: मुंह के छालों की आम समस्या के उपचार के लिए रूंगटा इंटरनेशनल स्किल्स यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर डॉ. संजय कुमार गुप्ता ने चार औषधीय पौधों के अर्क से हर्बल लोजेंज विकसित किया है। सहजन, पुदीना, कमल और पपीते के अर्क से तैयार इस दवा को मुंह में रखकर धीरे-धीरे घुलने के लिए डिजाइन किया गया है। दो साल के शोध के बाद इसके सकारात्मक परिणाम सामने आने का दावा किया गया है। भारत सरकार के पेटेंट कार्यालय ने इसके लिए पेटेंट भी जारी किया है। पेटेंट की अवधि 20 वर्ष है।



Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!