छत्तीसगढ़

महादेव सट्टा एप पर इंटरनेशनल स्ट्राइक… श्रीलंका में 147 भारतीय युवक हाउस अरेस्ट, मुख्य आरोपी सिकंदर फरार


महादेव एप ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कार्रवाई तेज हो गई है। चर्चा है कि श्रीलंका पुलिस ने ऑनलाइन सट्टा संचालन से जुड़े एक ठिक…और पढ़ें

Publish Date: Sun, 12 Jul 2026 08:45:35 PM (IST)Updated Date: Sun, 12 Jul 2026 08:45:35 PM (IST)

महादेव सट्टा एप पर इंटरनेशनल स्ट्राइक... श्रीलंका में 147 भारतीय युवक हाउस अरेस्ट, मुख्य आरोपी सिकंदर फरार
महादेव सट्टा एप

HighLights

  1. श्रीलंका में महादेव सट्टा नेटवर्क का भंडाफोड़, 147 भारतीय युवक नजरबंद
  2. 45 हजार रुपये सैलरी और नौकरी का झांसा देकर युवाओं को भेजा था विदेश
  3. मुख्य प्रमोटर सौरभ चंद्राकर ओमान में डिटेन, ईडी की कार्रवाई जारी

राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, रायपुर। महादेव एप ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कार्रवाई तेज हो गई है। चर्चा है कि श्रीलंका पुलिस ने ऑनलाइन सट्टा संचालन से जुड़े एक ठिकाने पर छापा मारकर 147 भारतीय युवकों को हाउस अरेस्ट किया है। सभी के पासपोर्ट और वीजा जब्त कर पूछताछ की जा रही है। हालांकि इस कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। रायपुर पुलिस कमिश्नर संजीव शुक्ला और दुर्ग एसएसपी विजय अग्रवाल ने ऐसी किसी भी कार्रवाई के बारे में जानकारी होने से इनकार किया है। उनका कहना है कि इस बारे में जानकारी ली जा रही है।

छत्तीसगढ़, यूपी और बिहार के युवाओं को वेतन का लालच देकर भेजा गया श्रीलंका

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, श्रीलंका में हाउस अरेस्ट किए गए अधिकांश युवक छत्तीसगढ़ के रायपुर, दुर्ग, भिलाई, राजनांदगांव के हैं, जबकि कुछ उत्तर प्रदेश और बिहार के निवासी बताए गए हैं। इन्हें 45 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन, रहने और खाने की सुविधा का भरोसा देकर श्रीलंका भेजा गया था। हालांकि, श्रीलंका में हुई कार्रवाई के बाद कई परिवारों को पता चला कि उनके बच्चे कथित तौर पर ऑनलाइन सट्टा पैनल के संचालन से जुड़े कार्यों में लगे हुए थे। मामले का मुख्य आरोपित सिकंदर प्रसाद फिलहाल फरार है और उसकी तलाश जारी है।

चर्चा के अनुसार श्रीलंका में पकड़े गए युवक महादेव सट्टा पैनल का संचालन कर रहे थे। बताया जा रहा है कि पैनल संचालक सिकंदर प्रसाद ने युवाओं को एक निजी कंपनी में 45 हजार रुपये मासिक वेतन, मुफ्त आवास और भोजन का लालच देकर विदेश भेजा था। आर्थिक तंगी और बेहतर रोजगार की उम्मीद में कई युवक श्रीलंका पहुंच गए, जबकि उनके स्वजनों को लगा कि वे वैध नौकरी कर रहे हैं।

पुलिस रेड की भनक लगते ही भारत भागा सिकंदर प्रसाद

श्रीलंका पुलिस कार्रवाई की भनक लगते ही सिकंदर प्रसाद वहां से भागकर दुबई और फिर भारत लौट आया और भूमिगत हो गया। इसकी सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस ने दुर्ग स्थित उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दी थी। यहां तक कि उसके जन्मदिन समारोह स्थल पर भी पुलिस टीम पहुंची, लेकिन वह पहले ही वहां से निकल चुका था।

ईडी अब तक 3,800 करोड़ की संपत्ति कर चुकी है जब्त

बता दें कि महादेव सट्टा नेटवर्क के मुख्य प्रमोटर सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल पर जांच एजेंसियों का दबाव लगातार बढ़ रहा है। जांच एजेंसियों ने उनकी दुबई स्थित संपत्तियों की जानकारी वहां की सरकार के साथ साझा की है। महादेव नेटवर्क से जुड़े मामलों में विभिन्न थानों में करीब 40 एफआईआर दर्ज हैं, जिनमें सौरभ चंद्राकर, रवि उप्पल और शुभम सोनी प्रमुख आरोपित हैं।

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) अब तक इस मामले में 3,800 करोड़ रुपये से अधिक की कथित अवैध संपत्ति जब्त और अटैच कर चुका है। हाल ही में इंटरपोल के रेड नोटिस के आधार पर सौरभ चंद्राकर को ओमान में हिरासत में लिया गया है और भारत सरकार उसके प्रत्यर्पण की प्रक्रिया में जुटी है। विदेश में मौजूद चार मुख्य आरोपितों को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित कराने की कार्रवाई भी शुरू हो गई है। उधर, रायपुर पुलिस अब तक 250 से अधिक आरोपितों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। हालांकि नेटवर्क के कई बड़े संचालक अभी भी फरार हैं।

यह भी पढ़ें- रायपुर का CHC… कागजों में ऑपरेशन थिएटर, हकीकत में सिर्फ रेफर की पर्ची; प्रसव कक्ष में जुगाड़ से चल रहे ऑपरेशन



Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!